1.अनीश ने जब रिया से बाहर घूमने चलने के लिए पूछा, तो उसने स्पष्ट रूप से संकेत दे दिया कि वह उसके साथ बाहर नहीं जाना चाहती है। लेकिन अनीश ने टेक्स्ट मैसेज, ईमेल और कॉल के जरिए उससे बार-बार पूछना जारी रखा। रिया के मीडिया अकाउंट को भी ट्रैक करने लगा और बार-बार रिक्वेस्ट रिजेक्ट किए जाने के बाद भी उसे फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजता रहा।
2.मनीष की सीनियर श्रेया ने पढ़ाई में मदद के लिए मनीष को अपना नंबर दिया था। लेकिन, अगले ही दिन, मनीष ने उस नंबर पर रिया को बहुत ही अश्लील तस्वीरें और सेक्स से जुड़े कुछ टेक्स्ट भी भेज दिए।
शुरुआतयौन उत्पीड़न ऐसा काम या बर्ताव है, जो यौन भावना के साथ किया गया हो और दूसरे के लिए अनचाहा या अवांछित हो या व्यक्ति के लिंग और यौन अभिविन्यास से संबंधित हो । यौन उत्पीड़न के शिकार लोगों के लिए ऐसे प्रतिकूल माहौल में रहना मुश्किल हो जाता है। इससे उनकी पढ़ाई-लिखाई, रोजगार और मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर भी बुरा प्रभाव पड़ता है।
जिस तरह के आचरण / व्यवहार को निश्चित रूप से यौन उत्पीड़न माना जाता है
किसी के बार-बार मना करने के बाद भी उससे कहीं बाहर आने / मिलने आदि के लिए कहना
बिना सहमति के किसी को इलेक्ट्रॉनिक तरीके से सेक्सुअल कंटेंट भेजना
दीवारों पर यौन चित्रों का प्रदर्शन, इससे संबंधित नारे या किसी भी प्रकार के चित्र
गलत तरह से सीटी बजाना, लड़कियों को देख सीटी बजाना या जानबूझकर कोई आवाज निकालना (और अन्य उत्तेजक आवाजें / भाषण / गीत)
यौन लाभ के लिए दबाव बनाना, इनकार किए जाने पर पक्षपातपूर्ण व्यवहार करना। मना किए जाने पर किसी को डराना-धमकाना और किसी को प्राथमिकता या आदर देना।
(प्रतिकर)
यौन प्रयासों में असफल होने पर डराना-धमकाना, जैसे किसी की निजी जानकारी को लीक करना, पीओआर के लिए काबिल होने के बावजूद किसी छात्र को रोकना या उसकी उन्नति में बाधा पैदा करना, उसके काम बिगाड़ना, अंकों में गड़बड़ी या पेशेवर अवसरों में अड़ंगें लगाना।
किसी का पीछा करना और इंटरनेट पर नजर रखना किसी के आसपास लगातार बने रहना या उसकी निगरानी करना/ उसके कामों को ऑनलाइन या अन्यथा देखना
इशारों के माध्यम से अश्लील प्रदर्शन के जरिए दृश्य उत्पीड़न
किसी को भी उसकी इच्छा के विरुद्ध छूना किसी को जानबूझकर छूते हुए निकल जाना, स्पर्श करना, पकड़ना, गले लगा लेना, दबाना, अनावश्यक निकटता बनाना
बुरी नजर से देखना / घूरना किसी को बार-बार देखना / इसके कारण होने वाली बेचैनी को लगातार नजरअंदाज करना।
यौन हिंसा की धमकी देना किसी को यौन कार्य के लिए धमकाना, उस व्यक्ति या उसके परिचितों के बारे में बलात्कार किए जाने की धमकी देना।
'गंदे' / अनुचित / द्विअर्थी चुटकुले ऐसे 'जोक्स' जिनमें यौन संबंधी बातें होती है, अक्सर किसी की उपस्थिति में ऐसे चुटकुले जो उन्हें असहज बनाते हैं / किसी की कामुकता या लिंग पहचान का मज़ाक बनाना।
अफवाहें फैलाना किसी के यौन अनुभवों या उसके पार्टनर्स, यौन अभिविन्यास आदि के बारे में अफवाहें शुरू करना / फैलाना
ऐसे अनचाहे लिखित नोट जिनमें यौन संदर्भ निहित है
नापसंद होने के बाद भी किसी का व्यक्तिगत ध्यान रखना किसी पर विशेष रूप से अत्यधिक ध्यान देना, जो वे नहीं चाहते या उन्हें असहज महसूस होता हो (जैसे उपहार देना)।
अनुचित टिप्पणियां करना और ऐसी टिप्पणियां करना जो अश्लील हैं किसी के शारीरिक आकर्षण / शरीर / कपड़ों के बारे में टिप्पणी करना जो उन्हें असहज बनाता हो।
किसी भी प्रकार की शारीरिक शक्ति का उपयोग करना पिन चुभा देना, रास्ता रोकना, जबर्दस्ती छूना, ठोकर मारना।
अवांछित अश्लील प्रयास छूना, चुंबन ले लेना, जबर्दस्ती संभोग करना, 'डेट पर ले जाकर बलात्कार करना'
इस प्रकार के आचरण और व्यवहार यौन उत्पीड़न के रूप हो सकते हैं यदि उनमें अश्लीलता का पुट है या किसी भी तरह से यौन उत्पीड़न से जुड़ा हुआ है
किसी की पहचान के आधार पर उत्पीड़न: चिढ़ाना, उनका 'मजाक' बनाना, उनकी पहचान (जाति, वर्ग, स्थान, यौन अभिविन्यास, धर्म, लिंग, आयु, विकलांगता) के आधार पर किसी व्यक्ति के बारे में अपमानजनक टिप्पणी करना
शारीरिक हिंसा की धमकी देना या डराना
किसी भी तरह की शारीरिक हिंसा
उलटे-सीधे नामों से पुकारना
बुलीइंग करना, ऑनलाइन/ साइबर बुलीइंग
सोशल मीडिया के पारस्परिक प्रभाव के बारे में टिप्पणी: सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म पर कुछ लोग अपनी पहचान छिपाकर दूसरे के बारे में उलटा-सीधा लिख देते हैं और अक्सर लोगों के बारे में नकारात्मक या अवांछित (यहां तक कि निजी) जानकारी साझा करने के लिए इसका दुरुपयोग करते हैं। यदि आप किसी भी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर अपने बारे में ऐसा कुछ देखते हैं तो यह काफी परेशान करने वाला हो सकता है। आर्टिकल के अंत में बताए गए ऐसे उदाहरणों की सहायता लें।
जो कोई भी आपको परेशान कर रहा है तो यह जान लें कि यह बिल्कुल स्वीकार्य नहीं है। आपके साथ ऐसा नहीं होना चाहिए और इसमें आपकी कोई गलती नहीं है। परेशान करने वाले के प्रति आप में गुस्सा, चिंता / भय जो कुछ भी हो सकता है, यहां तककि अपराधबोध, स्तब्धता, उदासी जैसी भावनाएं पैदा होना स्वाभाविक है। लेकिन आपको अकेले इसका सामना नहीं करना है।
कोई भी छात्र (महिला, अल्पसंख्यक सेक्सुअलिटी, पुरुष), जिसके साथ कैंपस के पुस्तकालय, हॉस्टल, रास्ते में, कैंटीन और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म सहित किसी भी जगह उत्पीड़न किया गया हो, या बाहर भी विभाग की पार्टियों, पिकनिक सहित किसी भी कॉन्फ्रेंस, फील्ड ट्रिप, फेस्टिवल्स, स्पोर्ट्स मीट्स या इंटर्नशिप के दौरान ऐसी घटना हुई है, तो वह उत्पीड़न करने वाले छात्र, संकाय, स्टाफ के खिलाफ शिकायत कर सकते हैं।
किसी भी ऐसे व्यक्ति से बात करना जो समझता है कि आप किस अनुभव से गुजर रहे हैं और वह आपके अनुभव की पुष्टि करता है तो इससे आपको बहुत मदद मिल सकती है। अपने भरोसेमंद मित्र, संरक्षक या किसी ऐसे प्रोफेसर तक पहुंचें जिस पर आप भरोसा करते हैं, और जो बात कहना आपके लिए सहज हो, उसे साझा करें।
जेंडर सेल, पीओएसएच (यौन उत्पीड़न की रोकथाम) चैंपियंस, सुरक्षा, क्यूआरटी (त्वरित प्रतिक्रिया टीम) और स्टूडेंट वेलनेस सेंटर (इस आर्टिकल के अंत में विवरण है)।
ये सेवाएं हर किसी के लिए हैं और यहां गोपनीयता रखी जाती है। यहां पहुंचने में बिल्कुल संकोच न करें।
अपने दोस्त से बात करने के लिए उसे एक निर्णय-मुक्त स्थान दें। याद रखें कि यदि आपका दोस्त आप में भरोसा जता रहा है, तो वह आपको एक सुरक्षित व्यक्ति मानता है। उसकी बात अच्छी तरह से सुनें और अपना समर्थन दें।
उस व्यवहार को चिन्हित करें कि इसे क्या कहते हैं। उन्हें बताएं कि यह उत्पीड़न है और यह कतई स्वीकार्य नहीं है।
अपने दोस्त को बताएं कि आप वास्तव में उनकी बात पर विश्वास करते हैं, जो कुछ भी वह साझा कर रहा है, उसकी छानबीन करने का प्रयास न करें। उन बातों को साझा करने के लिए दबाव न डालें, जिन्हें बता पाने में वह सहज महसूस नहीं कर रहा हैं।
दोस्त की पीड़ादायक बातें सुनकर आपकी भावनाएं भड़कना (जैसे डर, गुस्सा) स्वाभाविक है, क्योंकि आप अपने दोस्त की परवाह करते हैं , लेकिन खुद को शांत बनाए रखने की कोशिश करें और अपनी प्रतिक्रियाओं से उन्हें और अधिक प्रभावित न करें।
ऐसे कथनों का उपयोग करें जो मान्य और आश्वस्त करने वाले हों
सुनिश्चित करें कि वह पूरी तरह सुरक्षित है, विशेष रूप से जैसे किसी के द्वारा पीछा किया जाना या धमकी देना।
इस परिस्थिति में आगे बढ़ने के विभिन्न विकल्पों के बारे में उससे बात करें। कैंपस में उपलब्ध संसाधनों के बारे में उसे जानकारी दें। किसी भी शंका या चिंता के बारे में बताएं (जैसे- गोपनीयता, संभावित परिणाम इत्यादि के बारे में अपने मित्र को बताएं)
जब आप उसे सहायता लेने के लिए प्रोत्साहित कर सकते हैं, तो इस बात का ध्यान रखें कि इसके बाद वे जो कुछ भी करते हैं वह आखिर उनकी पसंद है।
उनसे पूछें कि वे किस तरह अपनी मदद करवाना चाहते हैं (तुम जो भी रास्ता चुनोगे मैं उसका समर्थन करूंगा। मैं किस तरह तुम्हारी मदद कर सकता हूं?)। सिर्फ बातों से ही नहीं व्यावहारिक तरीकों से मदद करने की भी पेशकश करें (जैसे उनके साथ केंद्र तक जाएं)।
उनकी गोपनीयता का सम्मान करें और अन्य किसी के साथ उनकी बातों को साझा न करें। यह निर्णय आपके मित्र के पक्ष में ही है। यदि आप उसकी सुरक्षा के बारे में चिंतित हैं और किसी को सक्षम अधिकारी को बताने की जरूरत है तो उनसे उसी बारे में बातचीत करें।
नियमित रूप से उनसे मुलाकात जारी रखें और उन्हें बताएं कि आप उनके साथ हैं।
अंत में, अपना ख्याल रखना न भूलें।
यदि यह अनुभव बहुत मुश्किल लगाने लगे और दर्दनाक भावनाएं पैदा करे, तो मदद के लिए कॉल करने में संकोच न करें।
और अधिक जानने के लिए http://www.gendercell.iitb.ac.in/en/home/frequently-asked-questions पर पढ़ें
पीओएसएच (यौन उत्पीड़न की रोकथाम) चैंपियंस सहानुभूति जताने वाले आईआईटी बॉम्बे के वे छात्र स्वयंसेवक हैं, जिनसे मार्गदर्शन के लिए छात्र संपर्क कर सकते हैं। इन स्वयंसेवकों को यौन उत्पीड़न की पहचान, यौन उत्पीड़न की रोकथाम, निषेध और निवारण पर तैयार आईआईटी बॉम्बे नीति के हिसाब से और संवेदनशील समस्याओं के समाधान के साथ पीड़ित छात्रों की सहायता के लिए प्रशिक्षित और प्रमाणित किया गया है। http://www.gendercell.iitb.ac.in/en/home/contacts Click here
यदि आपको लग रहा है कि आपकी व्यक्तिगत सुरक्षा खतरे में है तो किसी भी समय सिक्योरिटी या त्वरित प्रतिक्रिया टीम (क्यूआरटी) से संपर्क कर सकते हैं। महिला क्यूआरटी इंचार्ज से मोबाइल नंबर 9167398598 पर संपर्क किया जा सकता है।
जब आप भावनाओं से बहुत ज्यादा भर जाते हैं या जब आप इस उलझन में होते हैं कि आपके साथ यह सब क्या हो रहा है, तो स्टूडेंट वेलनेस सेंटर के काउंसेलर से बात करने से आपको राहत मिल सकती है। इस मामले में आप क्या कर सकते हैं इस बारे में वह आपका मार्गदर्शन सकते हैं।